जब यह समाचार मिला कि निगम के चार आपके साथ तो अनेक विभाग ऐसे हैं जिनके कर्मचारियों की निगाह आज भी अपने-अपने यूं तों आज रविवार का दिन था और अधिकारिक तौर पर छुट्टी सफाई कर्मचारियों को आला अधिकारी ने दौरे के बाद सस्पेंड कर दिया कार्यालयों पर लगी रही? असल में सूरजकुंड मेले के चलते इस तरह की अफवाह कहें या चर्चा पर बातें होती रही कि आज फला आई.ए.एस. अधिकारी आएंगें और हो सकता है कि कार्यालय का भी दौरा करें? अब अधिकारी औए या नहीं आए पर अधिनस्थ कर्मचारियों को यह डर सताता रहा कि यदि साहब दफ्तर पहुंच गए तो तो पता नहीं क्या पकड़ लेंगे, यही कारण है कि कुछ अधिकारी तो छुट्टी वाले दिन भी दफ्तर के आसपास ही घूमते देखे गए कि कहीं आलाधिकारी आ जाएं तो दूसरों को खबर तौ दी जा सके।
जब प्रशासनिक गलिायरों में यह खबर पहुंची कि निगम में आलाधिकारी ने आज एक्शन ले लिया है तो अधिकारियों की टेंशन बढ गई। जिले में कार्यरत अधिकारियों की मानना है कि जब तक सूरजकुंड मेला चलेगा उनके साथ यही स्थिति चनी रहनी है, कोई यदि झूठे को भी कह देगा कि दफ्तर पर आलाधिकारी आएं हैं तो उनको सच्चे में भागना पड़ेगा? हालांकि इन दिनों जिले के अधिकारी अपने जेब में ठीक ठाक नकदी भी लेकर घूमते हैं पता नहीं कब किस अधिकारी को सूरजकुंड मेले में खरीददारी करानी पड जाए?
