रिद्यचशी सोसायटियों में मेंटिनेंस शुल्क को लेकर होने चले विवाद के बीच दरियाणा के रजिस्ट्रार जनरल ऑफ खेसायटीन ने अहम आदेश दिया है। इसमें रेजिडेंट वेलफेयर असोसिएशन (RWA) की कार्यशैली पर स्पष्ट सैंमा तय की गई है। कहा गया है कि बकाया मेंटिनेंस शुल्क की वसूली के लिए किसी भी निवासी की आवश्यक सुविधाए नहीं रोकी जा सकती। कचरा उठान, डिजिटल रही सिस्टम, MyGate एक्सेस और अन्य जरूरी सेवाओं को दवाव बनाने के रस्तथन के रूप में इस्तेमाल करन्न नियमों के खिलाफ माना गया है।
आदेश मे गडन्स के एन-ब्लॉक में पिछले और RWA के बीच करीब नौ हत चले त्रिवाद के बाद जारी किया गया। मामले में रजिस्ट्रार जनरल ने स्पष्ट किया कि मीटनेस शुल्क सबै प्रकार की संपत्तियों पर एक समान नाहीं लगाया जा सकता। शुल्क निधारणा में मकल न्या यूनिट के आकार को आधार बनाना चहिए। इन आदेशों को गुड़गांव की बसमें सोलावटियों में लागू करना होगा।
